माँ दुनिया की सबसे प्यारी चीज होती है


माँ दुनिया की सबसे प्यारी चीज होती है. जीवन में व्यक्ति सब कुछ प्राप्त कर सकता है पर माँ यदि खो जाये तो फिर नहीं मिलती. वे लोग बड़े खुशनशीब होते हैं जिनकी माँ होती है.

मेरी माँ भी बड़ी प्यारी थी पर वे मुझे छोड़ कर चार साल पहले दुनिया से चली गईं. हम अब सिर्फ उनकी याद ले कर जीते हैं और साल में उनकी पुण्य तिथि मना लेते हैं.

मेरी माँ ने मुझे हमेशा अच्छे काम करने के लिए प्रेरित किया और संतोषी बनने की शिक्षा दी. वे हमेशा कहती थी संतोषी सदा सुखी. वे हमेशा संकट के समय धीरज रखने की सलाह देती थीं और मुश्किल समय में सांत्वना देते हुए कहती थी की उद्यम करो संकट दूर हो जायेगा. हम आज भी उनके बताये रस्ते पर चल कर गर्व महसूस करते हैं.
  प्रथम पुण्य तिथि: श्रीमती कुसुम कुमारी कोठारी

7 comments:

sangita said...

"maa" bas or kya bhavbhini abhvyakti hae.

DR. ANWER JAMAL said...

सच कहा आपने मां जैसा कोई भी नहीं है।

dheerendra said...

माँ जैसा कोई दूसरा हो नही सकता....
बहुत अच्छी प्रस्तुति,....

MY NEW POST ...कामयाबी...

sushma 'आहुति' said...

माँ के प्यार में निस्वार्थ भाव को समेटती आपकी खुबसूरत रचना.....

Roshi said...

maa ke pyar ko darshati rachna............

सूत्रधार said...

सार्थक प्रस्‍तुति।

Shanti Garg said...

अनुपम भाव संयोजन के साथ बेहतरीन अभिव्‍यक्ति ।

There was an error in this gadget

Followers

प्यारी माँ

Related Posts Plugin for WordPress, Blogger...
  • विश्वास - ‘विश्वास’ कितना आभासी है ना यह शब्द ! कितना क्षणिक, कितना छलनामय, कितना भ्रामक ! विश्वास के जिस धागे से बाँध कर कल्पना की पतंग को आसमान की ऊँच...
  • राजीव गांधी :अब केवल यादों में - शत शत नमन - एक नमन राजीव जी को आज उनकी जयंती के अवसर पर.राजीव जी बचपन से हमारे प्रिय नेता रहे आज भी याद है कि इंदिरा जी के निधन के समय हम सभी कैसे चाह रहे थे कि ...
  • हमें अपनी झील के आकर्षण में बंधे रहना है - #हिन्दी_ब्लागिंग मैं कहीं अटक गयी हूँ, मुझे जीवन का छोर दिखायी नहीं दे रहा है। मैं उस पेड़ को निहार रही हूँ जहाँ पक्षी आ रहे हैं, बसेरा बना रहे हैं। कहाँ ...
  • शापित मंजिलें - *... स्थितियाँ * *बदल देती हैं * *राह जिंदगी की ...* *... मंजिलें* *अक्सर अकेली रह * *शापित हो जाया करती हैं !!* *सु-मन *
  • बातें हैं बातों का क्या ....... - अम्बुआ की डाली पर चाहे न कुहुके कोयल किसी अलसाई शाम से चाहे न हो गुफ्तगू कोई बेनामी ख़त चाहे किसी चौराहे पर क्यों न पढ़ लिया जाए ज़िन्दगी का कोई नया शब्दक...
  • केवल राष्ट्र के लिए था यह सृजन - देश की स्वतंत्रता के लिए 1857 से लेकर 1947 तक क्रान्तिकारियों व आंदोलनकारियों के साथ ही लेखकों, कवियों और पत्रकारों ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उस समय...
  • कृष्ण लीला - ग्वाल बाल साथ ले कान्हा ने धूम मचाई गोकुल की गलियों में ! खिड़की खुली थी घर में छलांग लगाई खाया नवनीत खिलाया मित्रों को भी कुछ खाया कुछ फैलाया आहट ...
  • नींद बनाम ख्व़ाब - मैंने अपनी नींदें बेच, कुछ ख्वाब खरीदे थे। रख दिया था सहेज कर, उन्हें अपनी पलकों तले। वक़्त की बारिशों औ आंधी से, कुछ उड़ गए, कुछ बह गए। कुछ को बचाया जतन...
  • - गज़ल 1 मुहब्बत से रिश्ता बनाया गया उसे टूटते रोज पाया गया मुहब्बत पे उसकी उठी अँगुलियाँ सरे बज़्म रुसवा कराया गया यहाँ झूठ बिकता बड़े भाव पर मगर सच को ठेंगा द...
  • माँ तुझे प्रणाम - *माँ तुझे प्रणाम* *शत शत नमन कोटि प्रणाम * *माँ तुझे प्रणाम ।* *जब मैं तेरी कोख में आई * *तूने स्पर्श से बताया था * *ममता का कोई मोल नहीं * *तूने ही सि...
  • जाने कहाँ गया वो दिन??? - "आज कुछ special बना दो, Sunday है... " ... अभी तो परसों कढ़ाही पनीर बनी थी... "सुनो, मैं अपने दोस्तों से मिल कर आ रहा हूँ, वो आज Sunday है न..." ... हाँ, द...
  • अधूरे हम... - एक युवक बगीचे में खिन्न मुद्रा में बैठा था । एक बुजुर्ग ने उस परेशान युवक से पूछा - क्या हुआ बेटा क्यूं इतने परेशान हो ? युव...
  • नया साल ! - समर घर से निकला तो पत्नी और बच्चों के लिए गिफ्ट पहले ही खरीदता हुआ होटल पहुंचा था। रात में प्रोग्राम ख़त्म करके सीधे घर भागेगा क्यो...
  • वेदों में गायन कला - *- डॉ. शरद सिंह* *गायन मानव की संवेदनाओं को जागृत करता है.आज दुनिया भर में संगीत के महत्व पर वैज्ञानिक शोध हो रहे हैं . पाश्चात्य जगत के व...
  • भ्रष्ट आचार - स्वतंत्र भारत की नीव में उस समय के नेताओं ने अपनी महत्त्वाकांक्षाओं के रख दिये थे भ्रष्ट आचार फिर देश से कैसे खत्म हो भ्रष्टाचार ?
  • उदास आँखों में छुपी झुर्रियों की दास्तान (भाग -9) - *(रात में बेटी के फोन की आवाज़ से जग कर वे,अपना पुराना जीवन याद करने लगती > हैं.उनकी चार बेटियों और दो बेटों से घर गुलज़ार रहता. पति गाँव के स्कूल में > ...

मन की दुनिया

नारी का पूर्ण सशक्तिकरण

 
Copyright (c) 2010 प्यारी माँ. All rights reserved.