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रहम कीजिए बेटियों पर

मानने वाले हैं वो शैताँ के
नूर के बदले नार लेते हैं
कैसे इंसान हैं जो बेटी को
रहम ए मादर में मार देते हैं

असद रज़ा
asadrnaqvi@yahoo.co.in
रहम ए मादर - माँ का गर्भ

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